बीते कई दिनों से मुंबई की सियासत के गलियारों में एक चिट्ठी बम से सियासी गलियारे में घमासान मचा हुआ है। एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप की झड़ी लगी हुई है । अधिकारी या राजनेता अपने आप को सही साबित करने के लिए उठापटक कर रहे हैं लेकिन यह फैसला तो वक्त ही करेगा कौन सही है कौन गलत है ।
बीते कल मुंबई के पूर्व पुलिस अधिकारी परमवीर सिंह कहा कि वह महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ अपने आरोपों की सीबीआई जांच की मांग करेंगे। पिछले दिनों परमवीर सिंह का मुंबई पुलिस आयुक्त पद से ट्रांसफर कर दिया गया था। होमगार्ड विभाग में अपने ट्रांसफर पर उन्होंने इसके लिए शीर्ष अदालत में याचिका भी दायर की है।
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| फोटो क्रेडिट -lokmat.news18.com |
आपको बता दें कि अभी पिछले कुछ दिनों पहले भारतीय बिजनेस में मुकेश अंबानी के दक्षिण मुंबई स्थित घर के बाहर विस्फोटकों से भरी हुई गाड़ी बरामद हुई थी। यह गाड़ी मुंबई पुलिस कमिश्नर की होने का दावा किया गया इसके चलते जांच एजेंसी एनआईए द्वारा जांच के बीच मुंबई पुलिस आयुक्त पद से हटा दिया गया था। पुलिस आयुक्त पद से हटाए जाने के बाद परमवीर सिंह ने महाराष्ट्र के मौजूदा मुख्यमंत्री को एक पत्र लिखा जिसमें उन्होंने खुलासा किया कि राज्य के गृह मंत्री अनिल देशमुख ने उन्हें प्रतिमाह 100 करोड़ रुपए एकत्रित करने के लिए कहा था।
अनिल देशमुख ने क्या कहा?
मीडिया के द्वारा अनिल देशमुख से इस मुद्दे पर बातचीत की गई तो उन्होंने इन सभी आरोपों से इनकार कर दिया अनिल देशमुख ने आगे बताया कि परमवीर सिंह को पुलिस के कुछ सहयोगीयो द्वारा की गई गंभीर गलतियों को ध्यान में रखते हुए उनका स्थानांतरण किया गया है।
संजय राऊत
शिवसेना के संजय रावत ने कहा राष्ट्रवादी कांग्रेस के प्रमुख ने तय किया है कि अनिल देशमुख के ऊपर जो आरोप लगे हैं उनमें तथ्य नहीं है तो उनकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए क्योंकि हम सभी अक्सर देते हैं यह आरोप सभी नेताओं के ऊपर लगते हैं सभी का इस्तीफा लेते रहेंगे तो सरकार चलाना मुश्किल हो जाएगा
भाजपा हुई हमलावर
चिट्ठी बम फूटने के बाद भाजपा ने महाराष्ट्र सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर हमला उग्र कर दिया ।महाराष्ट्र के पूर्व सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री सचिन बाजे का बचाव क्यों कर रहे हैं ?

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